आधुनिक स्तन शल्य चिकित्सा में सेंटिनल लिम्फ नोड बायोप्सी (एसएलएनबी) और ऑन्कोप्लास्टिक तकनीकों के एकीकरण से महत्वपूर्ण विकास हुआ है, जिससे स्तन की सुंदरता और कार्यक्षमता को बनाए रखते हुए कैंसर को प्रभावी ढंग से नियंत्रित करना संभव हो गया है। प्रारंभिक स्तन कैंसर में नियमित एक्सिलरी लिम्फ नोड विच्छेदन की जगह सेंटिनल नोड मैपिंग ने ले ली है, जिससे लिम्फेडेमा और कंधे की शिथिलता जैसी शल्य चिकित्सा संबंधी जटिलताओं में कमी आई है। साथ ही, ऑन्कोप्लास्टिक सर्जरी ऑन्कोलॉजिक रिसेक्शन को प्लास्टिक सर्जरी के सिद्धांतों के साथ जोड़ती है, जिससे कॉस्मेटिक परिणामों से समझौता किए बिना ट्यूमर का व्यापक निष्कासन संभव हो पाता है। यह बदलाव आधुनिक स्तन कैंसर देखभाल के व्यापक दर्शन को दर्शाता है - रोगियों के जीवन की गुणवत्ता और शारीरिक छवि को प्राथमिकता देते हुए ऑन्कोलॉजिकल सुरक्षा प्राप्त करना। ये सभी दृष्टिकोण मिलकर अधिक व्यक्तिगत और कम आक्रामक स्तन कैंसर शल्य चिकित्सा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं।
वरिष्ठ सलाहकार, स्तन एवं कैंसर सर्जन, ईपीआईसी मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल, अहमदाबाद
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